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Sonam Kewat

Romance Tragedy

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Sonam Kewat

Romance Tragedy

मेरा दिया गुलाब क्यों है

मेरा दिया गुलाब क्यों है

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सोचा नहीं था कभी मिलेंगे 

और वो भी ऐसे हालातों में 

जहां तुम्हें धोखे ने मजबूर किया होगा 

और कुछ ना रहा होगा मेरे हाथों में 


एक बार धोखा मिला तो क्या 

मैं तो अब भी प्यार करूंगा 

तुम अगर चाहती हो तो अब 

फिर से इंतजार करूंगा 


पिछली बार तुम छोड़ गई थी 

इस बार छोड़कर मत जाना 

छोड़ो चाहे जितनी बार 

वापस पड़ेगा तुम्हें यहीं पर आना 


चलों देर आए दुरुस्त आए 

कहावत तो सुना ही होगा 

जब आंखों में नमी आयीं होगी 

मेरा ख्वाब तो बुना ही होगा 


तुम तो नखरे वाली ही अच्छी थीं

यह शांत स्वभाव किसने बना दिया 

चलो अच्छा ही है खुदा ने हमें 

इस बार फिर से मिला दिया


तुम कहतीं थीं मुझे भूल गयीं हो

तो ये चेहरे पर मुस्कान क्यों है 

अगर प्यार नहीं करतीं हो तो

किताबों में मेरा दिया गुलाब क्यों है।


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