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Kuber Bharti

Horror Crime


2.8  

Kuber Bharti

Horror Crime


मैं करता हूँ सीधी बात

मैं करता हूँ सीधी बात

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सत् नमन है सब को मेरा

मैं करता हूँ सीधी बात

लगंड़ी लूली हुई अर्थव्यवस्था बदहाल

देखो कैसे घूम रहा युवा

सड़कों पर बेचने को सब्जी लाचार

बहनों का तो पूछो मत हाल

सड़कों पर निकलना कर रखा बदहाल

अब तो नेताओं के बेटे पैसो के दम पे 

घर में घुसकर कर रहे है बलात्कार

देखो मानवता है शर्मसार

मैं करता हूँ सीधी बात


सत् अहिंसा चुक गई 

देखो कानून का रखवाला 

निकला है करने को सौदा बाजार

जिस भूमि पर होती थी कभी 

धर्मनिरपेक्षता की बात

आज हो रही है क्यों हिन्दू-मुस्लिम 

धर्म राष्ट्र बनाने की बात 

देखो कैसे बैठ गया है 

घुटने पर मेरा भारत महान।


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