STORYMIRROR

कविता तेरे नाम की

कविता तेरे नाम की

1 min
963


दिल में दबाए कुछ राज रखती हूँ

अब एक कविता तेरे नाम लिखती हूँ

हर पल तेरा ही ख्याल रखते हैं

प्यार भी तुमसे बेमिशाल करते हैं।


दूरियाँ भी बयां करती इजहार है

कैसे कह दे कि हमें इनकार है

धीरे धीरे नए अंदाज सीखती हूँ

लम्हों की कविता तेरे नाम लिखती हूँ।


मिलना तुझसे कोई अनहोनी है

किस्मत में लिखी सारी होनी है

ना हम तुझे दूर जाने देंगे और

ना इस किस्से में गैरों को आने देंगे।


कहना है जो तुझे मैं भी वही कहती हूँ

इसलिए ये कविता तेरे नाम लिखतीं हूँ

नाम में तेरे भी काफी दम है

किसने कहा हम किसी से कम है।


हँसी आलम होगा जब हम मिल जाएंगे

कविता ये फिर सभी को सुनाएंगे

जिंदगी की हकीकत को तेरे नाम करती हूँ

इसलिए ये कविता तेरे नाम लिखती हूँ।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance