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Arunima Bahadur

Romance

3  

Arunima Bahadur

Romance

हम तुम

हम तुम

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200

जब जब हम तुम संग चले,

नव गीत रचे, नव गीत रचे।


जब जब हुई उल्फत बाते,

हम एक हुए, हम एक हुए।


भूल गए जब जब कंटक रातें,

नव पुष्प खिले, नव पुष्प खिले।


जब जब होती मिलन की बाते,

हम संग चले, हम संग चले।



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