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Subhangi Sahoo XI-H -41

Romance Others

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Subhangi Sahoo XI-H -41

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मगर

मगर

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हम खुद को आप में ढूंढ़ने की कोशिश करते है

मगर धुंधला सा दिखता है ।

पता नहीं क्या कमी रह गई 

जितना ढूंढ लूँ प्यार नहीं मिलता है।


सब में आपका चेहरा ढूंढने की कोशिश करते है

मगर खुद को रोक लेते है।

आपके पास जाने की कोशिश करते है 

पर पता नहीं हमेशा अपने आप को टोक देते है।


अपने आप को आपके साथ देखने की कोशिश करते है 

मगर दिल साथ नहीं देता।

जितना नफरत करने की कोशिश करते है

उतना ही प्यार आ जाता।



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