STORYMIRROR

Mamta Singh Devaa

Tragedy Inspirational

4  

Mamta Singh Devaa

Tragedy Inspirational

कोरोना महामारी के रक्षक

कोरोना महामारी के रक्षक

1 min
232


इस महामारी कोरोना ने जब बेहद उत्पात मचाया

फिर रक्षा के लिए भारत ने ढाल रूपी वैक्सीन बनाया,


लगने लगे जब वैक्सीन उम्र के हिसाब से

कदम पीछे खिंचने लगा ये अपने आप से,


वैक्सीन को लेकर ना जाने कितने ही सवाल हुए

इसकी कामयाबी से फिर सब लगवाने को लाचार हुए,


वैक्सीन का जब सब पर असर होने लगा

धीरे -धीरे कोरोना का प्रकोप कम होने लगा,


इस भीषण महामारी ने सबकी कमर तोड़ दिया

ज़िन्दगी ने सबको एक अजीब सा मोड़ दिया,


काम धंधे शुरू हो गये जीवन पटरी पर लौटा

जो गया इस बीमारी में वापस कभी ना घर लौटा,


इस कोरोना से हमको जीवन का ऐसा सबक मिला

कभी ना भूल पायें जो सबको ऐसा दर्द मिला,


जीवन रक्षक उपायों को हमेशा अपनाना जरूरी है

अब कोई नहीं है चारा ये हम सबकी मजबूरी है,


अपनी और अपने परिवार की रक्षा ख़ुद कीजिए

रक्षक रूपी मास्क का प्रयोग अवश्य कीजिए ।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Tragedy