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आचार्य आशीष पाण्डेय

Fantasy

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आचार्य आशीष पाण्डेय

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आत्महत्या

आत्महत्या

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आत्महत्या करने से न तो तुम्हें

और न तुम्हारे परिवार को शान्ति मिलेगी

भटकते रहोगे इस तन से दूसरे तन

और तुम्हारा परिवार समाज की

ठोकर से पीड़ित होगा।।


समझो जीवन मिला है जीने का तरीका ढूंढ़ो

मर जाना सुख का उपचार नहीं

जीवन को जीना है किस तरह

यह विचार उपचार है।।


संभल कर कार्य करो सब अच्छा होगा

मरने से बेहतर होगा

यश बढ़ जायेगा जीवन संवर जायेगा

और तुम सुखी हो जाओगे।।


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