Gurminder Chawla
Comedy
खिलौने 2020
पापा आये - तूफान लाये
मम्मी आयी - भूचाल लायी
भईया आया - कोरोना लाया
दीदी आयी - टिड्डी लायी
सोच
नया साल
रोटी (कविता)
कसक
भूत (कविता )
दर्पण ( कविता...
60 साल (कविता...
बादल ( कविता...
छुटकारा (कवि...
कैदी
सारे दिन घर में पड़ी पड़ी क्या करती है एक टाँका लगाने में क्या तेरी माँ मरती है तेरे आलस ने भरे ब... सारे दिन घर में पड़ी पड़ी क्या करती है एक टाँका लगाने में क्या तेरी माँ मरती है...
आरामदायक गद्दों में हर रात चैन की नींद सोनेवाले. आरामदायक गद्दों में हर रात चैन की नींद सोनेवाले.
उस व्यक्ति का ओहदा या स्थान बदलने भर की भी उन लोगों को भनक मिलती है, उस व्यक्ति का ओहदा या स्थान बदलने भर की भी उन लोगों को भनक मिलती...
बुझोगे तो जानूंगी। शातिर तुमको मानूंगी। &nbs... बुझोगे तो जानूंगी। शातिर तुमको मानूंगी।  ...
पूछते धनवान को सब, मान अपना मानते। पूछते धनवान को सब, मान अपना मानते।
यह फ़क्र नही यह फर्क है। यह फ़क्र नही यह फर्क है।
मैं करूँ तो सही, दूसरों को ग़लत ठहराता हूँ।मैं गर्व से कहता हूँ मैं भारतीय हूँ।। मैं करूँ तो सही, दूसरों को ग़लत ठहराता हूँ।मैं गर्व से कहता हूँ मैं भारतीय हूँ।।
मैं हूं चंचल थोड़ी अल्हड़। अकेले रहना न मुझको भाता, सबको परेशान कर बड़ा मज़ा आता। मैं हूं चंचल थोड़ी अल्हड़। अकेले रहना न मुझको भाता, सबको परेशान कर बड़ा मज...
यार लाख कोशिशें की...दिल को मनाने की... पर ये...तो खुद का ही दुश्मन निकला, जहां मकान बनाना नहीं थ... यार लाख कोशिशें की...दिल को मनाने की... पर ये...तो खुद का ही दुश्मन निकला, जह...
मार मार के डंडा उसको शहर से बहुत दूर भगाया। मार मार के डंडा उसको शहर से बहुत दूर भगाया।
हैरत होती है कि ; -----------साँप ! आखिर क्यों मौन हैं ? हैरत होती है कि ; -----------साँप ! आखिर क्यों मौन हैं ?
शराफत — ब्रेक पर है <br><br>सुना है शराफत शहर में नहीं, <br>हमारे गांव में रहती है। <br>पर देखा नहीं... शराफत — ब्रेक पर है <br><br>सुना है शराफत शहर में नहीं, <br>हमारे गांव में रहती ...
मानवीय प्रेम की परिभाषा ही बदल कर रख दी है...!! मानवीय प्रेम की परिभाषा ही बदल कर रख दी है...!!
🎉महफ़िल का सच ✍️ सारे परिचित पीछे बैठे, सारे अजनबी आगे बैठे, ये महफ़िल की उस्तादी है 🎉महफ़िल का सच ✍️ सारे परिचित पीछे बैठे, सारे अजनबी आगे बैठे, ये महफ़िल की उस्ताद...
तुम्हे काटा इसलिए कहीं तुम हमको लालची, कायर की परख में उलझ न जाओ छोड़ इसलिए रहे है, नमक का फर्ज ह... तुम्हे काटा इसलिए कहीं तुम हमको लालची, कायर की परख में उलझ न जाओ छोड़ इसलिए रह...
जाति का कार्ड खेलकर देश को खंड खंड करना है जाति का कार्ड खेलकर देश को खंड खंड करना है
मैंने माना प्यार सदा तो , जीवन निरस कर दिया, खरीदे भीनी पतझड़ कर दिया। मैंने माना प्यार सदा तो , जीवन निरस कर दिया, खरीदे भीनी पतझड़ कर दिया।
'कागज़ी डिग्रियों' का ही बोलबाला है सिर्फ यहाँ... 'कागज़ी डिग्रियों' का ही बोलबाला है सिर्फ यहाँ...
उसके बदले में चार लोगों से " वाह-वाही" ले लेना, कविता को संकुचित दायरे में रख, उसके बदले में चार लोगों से " वाह-वाही" ले लेना, कविता को संकुचित दायरे में रख,
जन्मदिन के अवसर पर मुझे अपका प्यार मिले, आपको भी श्रेष्ठबनने का जीवन में सौभाग्य मिले। जन्मदिन के अवसर पर मुझे अपका प्यार मिले, आपको भी श्रेष्ठबनने का जीवन में सौभाग्य...