STORYMIRROR

Praveen Kumar Saini "Shiv"

Drama Inspirational

4  

Praveen Kumar Saini "Shiv"

Drama Inspirational

कोई कहता है उसका बलिदान बड़ा

कोई कहता है उसका बलिदान बड़ा

1 min
336

कोई कहता है उसका बलिदान बड़ा

कोई कहता इसका बलिदान बड़ा

पर कोई कभी महिला के नाम से नहीं होता खड़ा

करती है वह भी तो बलिदान सबसे बड़ा

जन्म से ले कर मृत्यु तक बलिदान ही उसके हिस्से पड़ा

जन्म लेते ही पिता की संपत्ति से हक का बलिदान देना पड़ा

शिक्षा के अवसर पर भाई को पढ़ाने अपनी पढ़ाई का बलिदान देना पड़ा

शादी होने पर गैर के घर को अपना कहने के लिए अपनो का बलिदान देना पड़ा

पत्नी बन कर भी उसे नौकरानी बन जीवन जीना पड़ा

मां बनने के लिए सिर्फ उस अकेली को ही दर्द झेलना पड़ा

बाप का नाम आया बच्चों के नाम के साथ यहां भी बलिदान झेलना पड़ा

पहचान भी मिली तो पिता के नाम से मिली खुद का अस्तित्व भूलना पड़ा

धन्य है नारी तू , तुझे क्या क्या इस जीवन में झेलना पड़ा

फिर भी मुझे तेरे किस्से पता नहीं कहाँ कहाँ ढूंढना पड़ा

मेरे लिए तुम ही जीवन दायिनी, तुम ही संरक्षक, तुम ही पालक,

तुम ही अर्धांगिनी इसलिए शिव को आज तुम को सर्वश्रेष्ठ मानना पड़ा ।।


नारी शक्ति को नमन



Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Drama