STORYMIRROR

Bharat Jain

Romance Others

3  

Bharat Jain

Romance Others

किश्त वाला प्यार

किश्त वाला प्यार

1 min
315

ये किश्त वाला प्यार है,

यहाँ वक़्त भी उधार है।


उनकी हर निगाह तंज़ है,

हर एक शब्द वार है।


सिसकियों का गीत ये,

रात भर का ग़ुबार है।


नई सुबह का आईना,

सब हदों से पार है।


है सबको मय की तलब,

सब पे तेरा ही ख़ुमार है।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance