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ram gagare

Romance Fantasy

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ram gagare

Romance Fantasy

गुजारिश है तुमसे..

गुजारिश है तुमसे..

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गुजारिश है तुमसे

आ रहे हो मिलने तो

वो, बीती शाम ले आना

साथ में अपनी मुस्कान ले आना..


कई बरस हो गये

तुमको देखा नहीं

तुम चली गयी तब से

ये चेहरा हंसा नहीं..


मेरे हिस्से की थोड़ी

तुम खुशी ले के आना

अब गुजारिश है तुमसे 

वो बीती शाम ले आना..


जिंदा हूँ या, मैं मर गया

किसी को नहीं था पता

हाल किसी ने पुछा नहीं

सबके लिये था लापता..


मेरे दिल के लिये, तुम

अपनी धड़कन ले आना

अब गुजारिश है तुमसे

वो बीती शाम ले आना


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