Bharat Bhushan Pathak
Romance
तड़पते हो तुम जब भी।
तड़पते हैं हम तब ही।।
तड़पकर ही तो जाना है
तड़पन क्या चीज है होती।
कहा था मुझसे लोगों ने
तड़पना छोड़ दे अब तू
कहा था मैंने भी तब तो
सुन लो तुम भी ऐ लोगों
ये तड़पन चीज है ऐसी
मजा भी खूब देती है।
मैं द्रुपद पु...
सीधी बात
मर्दों की भाव...
कोरोना भगाओ,स...
मेरी भावनाओं ...
नाम की चाह नह...
सीखूँ कैसे
सीख रहा हूँ अ...
पूछ गयी वो जल...
ईश्वर हमको .....
निखर आया है रंग बगीचे में संवर आया है रूप मेरे रुख़सारों पर। निखर आया है रंग बगीचे में संवर आया है रूप मेरे रुख़सारों पर।
कुछ आधे अधुरे-से नग़में हैं और लिखावट को धुँधली बनाती कुछ बूँदें कुछ काग़ज़ पे बिखरी हैं कुछ आधे अधुरे-से नग़में हैं और लिखावट को धुँधली बनाती कुछ बूँदें कुछ काग़ज...
यूँ तो झुकी हुई नजरें अच्छी है तुम्हारी, पर उठती नजरों की नज़ाकत दिल को छू जाती है । यूँ तो झुकी हुई नजरें अच्छी है तुम्हारी, पर उठती नजरों की नज़ाकत दिल...
हर शब्द प्रेम में रंगा हुआ हर पंक्ति गीत होती, हर रात पूर्णिमा होती फिर मधुमास लिखा होता। हर शब्द प्रेम में रंगा हुआ हर पंक्ति गीत होती, हर रात पूर्णिमा होती फिर मधुमास ल...
सांसों में भर लेती हूँ जी भर के वो महक और महकती रहती हूँ मैं भी तेरी यादों में। सांसों में भर लेती हूँ जी भर के वो महक और महकती रहती हूँ मैं भी तेरी ...
मधुर मिलन की आशा में अब मन मेरा मुस्काय। आजा साजन बरखा बरसे, तेरी याद सताय। मधुर मिलन की आशा में अब मन मेरा मुस्काय। आजा साजन बरखा बरसे, तेरी याद...
वो मुझे नूर सी लगी, गुरुर सी लगी,थी तो पास मेरे पर दूर सी लगी वो मुझे नूर सी लगी, गुरुर सी लगी,थी तो पास मेरे पर दूर सी लगी
जिसका गवाह फिर वही गुलाब बना था किताब का वो पन्ना आखिर जिसका ठिकाना था ! जिसका गवाह फिर वही गुलाब बना था किताब का वो पन्ना आखिर जिसका ठिकाना था !
सूर्य जब घुल रहा था, गगन अंक में मैं भी ऐसी घुली रात छत पे मेरे ।। सूर्य जब घुल रहा था, गगन अंक में मैं भी ऐसी घुली रात छत पे मेरे ।।
इन बादलों की तरह तुम भी आए मेरे देस और जी भर कर बरसे थे मुझ पर इन बादलों की तरह तुम भी आए मेरे देस और जी भर कर बरसे थे मुझ पर
तेरी वादा ख़िलाफ़ियों ने तुझको बेवफ़ा कर दिया उम्रभर का दर्द देकर दर्दों को ही दवा कर दिया। तेरी वादा ख़िलाफ़ियों ने तुझको बेवफ़ा कर दिया उम्रभर का दर्द देकर दर्दो...
मेरे हमसफ़र आओ मेरी धड़कनो में समा जाओ फिर ये धागे प्यार के खुल ना पाये तुम मुझ से इस क़दर उलझ... मेरे हमसफ़र आओ मेरी धड़कनो में समा जाओ फिर ये धागे प्यार के खुल ना पाये त...
पर इक तरफ़ा हो तो खुदा आपके साथ होते हैं जो आपको गिर कर उठने का मौका देते हैं। पर इक तरफ़ा हो तो खुदा आपके साथ होते हैं जो आपको गिर कर उठने का मौका देते हैं...
जहाँ खो गए थे दर्द, खुशी की फुहारों के बीच। जहाँ हुआ था मुझे, तेरे साथ का एहसास। जहाँ खो गए थे दर्द, खुशी की फुहारों के बीच। जहाँ हुआ था मुझे, तेरे साथ ...
प्रेम के बीज अब मैं बोने चली हूँ नामुमकिन को मुमकिन करने चली हूँ प्रेम के बीज अब मैं बोने चली हूँ नामुमकिन को मुमकिन करने चली हूँ
बरसात याद दिला देती है वो दिन जब हम साथ होते थे और साथ भीगते थे और पानी में अठखेलियाँ करते थे बरसात याद दिला देती है वो दिन जब हम साथ होते थे और साथ भीगते थे और पानी में अठखे...
इन्हीं बातों की वो मुरीद सी हो जाती है क्योंकि बात पूरी नहीं अभी बाक़ी है। इन्हीं बातों की वो मुरीद सी हो जाती है क्योंकि बात पूरी नहीं अभी बाक़ी है।
मेरे आँखों में ठहरी खमोशी को कभी समझ नहीं पाए पिया, साथ होकर भी दूर हूँ मैं ये कैसे बन गए जीवन पिया,... मेरे आँखों में ठहरी खमोशी को कभी समझ नहीं पाए पिया, साथ होकर भी दूर हूँ मैं ये क...
मुझे पता है ये मुलाकात जीवन के आखिरी पन्नों में होंगे जो यादों में बस जायेंगे और कभी हँसायेंगे कभी र... मुझे पता है ये मुलाकात जीवन के आखिरी पन्नों में होंगे जो यादों में बस जायेंगे और...
"नवनीता" काव्य पति-पत्नी के बीच के रिश्तों में समय के अनुसार हुए बदलाव और बढ़ती दूरियों के ऊपर लिखा ... "नवनीता" काव्य पति-पत्नी के बीच के रिश्तों में समय के अनुसार हुए बदलाव और बढ़ती ...