"मुबारक वैवाहिक वर्षगांठ"
"मुबारक वैवाहिक वर्षगांठ"
जीवन भर रहना मेरे जीवनसाथी साथ
ख्वाबों में भी करते रहना, तुम मुलाकात
यह आज का नहीं कई जन्मों का संवाद
मुबारक साखी 14वीं वैवाहिक वर्षगांठ
साथिया साथ निभाना, तुम बिन क्या जीना
तुम होते हो साथ तो ही जीने का जज्बात
तेरे बिना मेरी यह जिंदगी बस अंधेरी रात
तू इस जिंदगी की रोशनी की एकमात्र जात
जैसे सूर्य अधूरा है, रोशनी के बिना सज्जाद
वैसे यह विजय भी अधूरा है, बिना तेरे साथ
जीवन में धूप-छाये बहुत देखे साथ-साथ
आगे भी इस जीवन में चलना साथ-साथ
तू मेरे इस रूठे हुए जीवन का आह्लाद
तुझे ही करनी है, इस जीवन की वकालत
तेरे बिना इस जीवन मे नही है, कोई बात
तू ही जीवन का पहला ओर आखरी संवाद
मुबारक जीवनसाथी, 14वीं वैवाहिक वर्षगांठ
आगे भी कंधे से कंधा मिलाकर चलना, साथ
