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Kaushik Dave

Drama Fantasy Others

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Kaushik Dave

Drama Fantasy Others

लम्हें

लम्हें

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एक एक लम्हा जीने की चाह है

पुराने लम्हें ना मुझे याद है


जीना चाहता हूं आज की जिंदगी

हर लम्हें को जीना चाहता हूं


कितने दिन बचे हैं जिंदगी के!

हर लम्हें को खुशी से जीना चाहता हूं


भूल जाना चाहता हूं अवसाद की बातें

अपने दर्द को कम करना चाहता हूं


हर लम्हें को खुशी से जीना चाहता हूं।



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