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Kusum Joshi

Classics

3  

Kusum Joshi

Classics

इतिहास बनाती तारीखें

इतिहास बनाती तारीखें

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मान लो तो तारीख़ें केवल,

मान लो तो इतिहास यही,

आज लगे साधारण जो,

कल बन जाता है ख़ास वही,


ये तारीख़ें ही है जिसने,

भारत का इतिहास बनाया है,

बापू को बनाया है इसने,

भगत सिंह पर ताज सजाया है,


भारत की आज़ादी भी,

तारीख़ों का ही खेल है,

पूर्ण हुआ ये स्वप्न जो अपना,

कई तारीख़ों का मेल है,


तारीख़ों में छुपी हुई है,

मंगल पांडे की फांसी,

नाना साहब-तात्या टोपे,

रानी और उनकी झाँसी,


तारीख़ों में कैद हुए थे,

देश के सारे वीर सिपाही,

इसी में तो है सुभाष चंद्र,

और इसी में है वल्लभ भाई,


तारीख़ों में जंग चली थी,

भारत की आज़ादी की,

तारीख़ों में कटुता भी है,

बंटवारे की आंधी की,


तारीख़ों में भारत ने,

बदले है अपने रूप कई,

दुनिया कहती ग़रीब जिसे थी,

बन रहा आज महाशक्ति वही,


तारीख़ों में ही भारत,

मंगल को छू आया है,

एक एक तारीख़ में बढ़कर,

भारत ने इतिहास बनाया है,


आगे भी भारत दुनिया में,

के पायदान चढ़ जाएगा,

उस हर एक पल का वर्णन,

तारीख़ों में गढ़ जाएगा।।


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