STORYMIRROR

Shyam C Tudu

Drama

4  

Shyam C Tudu

Drama

एक भिखारी की जीवनी

एक भिखारी की जीवनी

1 min
273

एक पैर में

घाव है

मेव रिस रहे हैं

दुर्गन्ध से

वह खुद भी

परेशान है

एक हाथ में

भिख के लिए थाली है

दूसरे हाथ के सहारे

वह रेंगता है


दूसरी ओर

एक अमीर शराबी

गले में

टाई लगाकर

शराब की बोतल

चुमते हुए

सड़क के किनारे

गिरा पड़ा

हिन्दी फिल्म की

गाने गुनगुनाता है

और बीच-बीच में

गालियां देता है

अपने

बीवी और बच्चों को

’शाले - मुझे दारू

पीने से रोकते है

शाले हरामखोरों....’


ईधर

वह घाव वाला आदमी

कहता है

’अपने बीवी-बच्चों

के साथ

शाम को एक साथ

खाएंगे’


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama