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शालिनी मोहन

Classics

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शालिनी मोहन

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दहेज़

दहेज़

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सहेज कर रख लिया है ना

बहुत कुछ दहेज़ के लिए

अपनी बेटी की खुशी की ख़ातिर

अपनी मेहनत की कमाई, गहने, कपड़े

बर्तन, गाड़ी, टेलीविज़न,

फ्रिज और अन्य घरेलू सामान।


ना ना घबराइये मत

यह मत सोचीयेगा कि

इतना आजकल कौन

लड़का वाला माँगता है

देखिए यह सब तो

घरेलू सामान और साधन है

जिससे आपकी प्यारी बेटी

खुशी-खुशी गृहस्थी बसायेगी।


आप तो बस

अपनी बेटी के बारे में सोचिए

क्यों नहीं सोचे भला आप

दहेज़ के खिलाफ़ क़दम उठाकर

कौन सा नेकी कमा लेंगे 

आप अकेले थोड़े ना ज़िम्मेदार हैं

समाज के प्रति


समाज तो चलता रहेगा,

चलता आया है।

आप तो बस किसी तरह भी

अपनी पारिवारिक

ज़िम्मेदारी और बोझ

निपटाइये, हलका कीजिए।


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