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Rekha Shukla

Fantasy

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Rekha Shukla

Fantasy

मान ले

मान ले

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ले जा रहे हैं जान 

मेरी बात सुन के मानले


इश्क इबादत, इश्क मजहब 

सच है मान ले

पा

नी में लगे आग पर

वक्त कम है 

मान ले


सोणीये इस बार 

आने का बहाना है 

मान ले

मिलन संग मिलन उसे

जुदाई ना मान ले।


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લોગિન

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