न्याय
न्याय
"इस अपार्टमेंट में सब लोग राजश्री से इतना डरते क्यों हैं? सुनीता जी।"
वह भर-भर के डोनेशन देती है न इसलिए।"
"यानि वो व उसका परिवार अपार्टमेंट की संपत्ति को नुकसान पहुँचाता रहे। अपने फ्लैट के अंदर व कॉरिडोर को खेल का मैदान बनाकर लोगों का रात-दिन का चैन छीन ले। उसके सामने अपार्टमेंट के सारे नियम प्रभावहीन है क्योंकि वह बाहर डोनेशन देकर अपार्टमेंट के लोगों पर अपनी अमीरी का रोब झाड़ती है। वैसे उसके बाहर डोनेशन देने से अपार्टमेंट का क्या फायदा? उसके परिवार ने अपार्टमेंट की संपत्ति को जो नुकसान पहुँचाया है , उसकी भरपाई तो हम लोगों के पैसों से ही हो रही है न!
अपार्टमेंट का संविधान अलग है क्या? क्योंकि हमारे देश के संविधान में तो अपराधी, अपराधी होता है। 'क्या अमीर क्या गरीब' सब बराबर है। अपने अपार्टमेंट में पैसा बहुत बोलता है। सही है न?"
