STORYMIRROR

Prachi Beeka

Romance

4  

Prachi Beeka

Romance

थोड़ा दूर हो तुम थोड़ा है हम

थोड़ा दूर हो तुम थोड़ा है हम

1 min
544

  थोड़ा दूर तुम हो। थोड़ा दूर है हम

 किस्मत के हाथों कितना मजबुर है हम 


 पास आओ और येे दुुरी मिटा दो

गले से  लगा कर मुझेे मुझसे मिला दो 


ख्वाब है या हकीकत इतना बता दो

आओ और मुझे निद सेे जगा दो

 

 लगता नहीं ये दुरियाँ होगी कम 

थोड़ा दूर हो तुम थोड़ा दूर है हम।।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Romance