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Rohtash Verma ' मुसाफ़िर '

Tragedy Action Inspirational

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Rohtash Verma ' मुसाफ़िर '

Tragedy Action Inspirational

सूचक

सूचक

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तुम एक तूफान लिखो

मैं आंधी लिखता हूं

बाद ही लिखेंगे बारिश

ताकि....

जो तकलीफें है

ग़म है, दर्द है,

मुश्किलें हैं......

सूचक में है तूफान के

आंधी के,

और बारिश....

बस सूचक है उस

सुकून का,

सुख का, आनंद का,

मस्ती का

जो पहले सूचक से

गुजरकर आता है।।


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