STORYMIRROR

Umesh Shukla

Fantasy Inspirational

4  

Umesh Shukla

Fantasy Inspirational

रिश्तों के निर्वाह को जरूरी है ताल मेल

रिश्तों के निर्वाह को जरूरी है ताल मेल

1 min
400

रिश्तों का सफर हर घड़ी

सही भावों का मोहताज

भावों में ऊंच नीच बिगाड़

देता प्रायः इसका मिजाज

बहुत कठिन है हर समय

भावनाओं पे रखना अंकुश

भावभंगिमा से कुछ सधें

तो कुछ हो जाते नाखुश

देश और समाज में वही

शख्स पाए सबका दुलार

जो भावनाओं को काबू में

रख करे संतुलित व्यवहार

रिश्तों में प्रगाढ़ता आती है

तभी जब विचारों में हो मेल

अन्य स्थितियों में भी रिश्तों के

निर्वाह को जरूरी है तालमेल

उसी शख्स को हासिल होते हैं

जीवन में सुख, आनंद के पल

जो सबसे निश्छल व्यवहार के

लिए खुद को रख सके प्रबल

जिंदगी के लिए बहुत जरूरी

सामंजस्य के मंत्र पर अमल

अन्यथा मनुष्य के लिए हरेक

कदम पर बिखरे शूल, अनल



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Fantasy