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राजेश "बनारसी बाबू"

Romance Classics

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राजेश "बनारसी बाबू"

Romance Classics

मुझे माफ कर दो जाना

मुझे माफ कर दो जाना

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370

मुझे माफ कर दो जाना

थोड़ा बात कर लो जाना

थोड़ा इंसाफ कर दो जाना

मुझे माफ कर दो जाना

क्यूँ खामोश हो जाना


क्यूं उदास हो जाना

यूँ नजरअंदाज ना करो जाना

यूँ मुझसे मुँह ना फेरो जाना

मुझे एक मौका दे दो मुझे

मेरी जान अब कुछ तों कह दो ना मुझे


मुझसे मेरी शिकायत कह दो जाना

मुझसे मेरी गलती कह दो मुझे

तुम बिन अधूरा हूँ जाना

तुम बिन कभी ना पुरा हूँ जाना

मै तुम बिन ना रह पाऊंगा जाना


तुम बिन अब मर ही जाऊंगा जाना

थोड़ी गलती हमसे हो गई जाना

थोड़ी हमसे बेरुखी हो गई जाना

कुछ तो मेरी सुन लो जाना

थोड़ी तो विनती सुन लो जाना


मुझसे थोड़ा बात कर लो जाना

थोड़ा मुझे माफ कर दो जाना

अब तन्हाई डसती है मुझे

अब जुदाई ना सहती हैं मुझे


अब अश्क़ रोके नही रूकती है जाना

घर तुम्हारा इंतजार करता है जाना

अपना डॉगी इंतजार करता है जाना

ये टिक टिक घड़ी तंग करता है जाना


जल्दी से घर आ जाओ जाना

दौड़ के सीने से लग जाओ जाना

अब यू मुझे रुलाओ ना जाना

अब कुछ ना सही लगता है जाना

सब कुछ खत्म सा लगता है जाना


मुझे माफ कर दो जाना

थोड़ा तो बात कर लो जाना

तुम्हारी बहुत याद आती है जाना

अश्कों से तकिया भींग जाती है जाना

एक गलती के लिए क्यू हमे छोड़ गई जाना


बिन बोले ही क्यूं मुझसे मुहं मोड़ गई जाना

क्यूं हमसे अब रूठ गई हो जाना

गलतियां सबसे होती है जाना

मुझसे भी गलती हो हो जाना

एक गलती से सब कुछ ख़त्म हो गया जाना


क्या हमसे इतनी ही मोहब्बत है जाना

मै बिल्कुल तुम बिन टूट गया हूँ जाना

थोड़ा इंसाफ कर दो जाना

आखिरी बार माफ कर दो मुझे।


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