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Sachhidanand Maurya

Thriller

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Sachhidanand Maurya

Thriller

एलियन है या फरिश्ता कोई

एलियन है या फरिश्ता कोई

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कल रात आसमा दिखा जादू सा कोई,

मानो आ गया हो जमीं पे सितारा कोई,

बड़ी दूर से लेकर कुछ बातें हमे बताने,

 न मालूम एलियन है या फरिश्ता कोई।


कौन देश का है वो वासी कहां है ठिकाना,

न हमने ही जाना न तुमने ही उसको जाना,

क्या वो हमे नहीं जानता भटका सा आया,

मकसद है शक्ति दिखाना या हमको डराना।


मानो खुदा सा वो कहीं खो गया,

मैं तो देख उसको नूर में खो गया,

कुछ देर देखा देखता रहा एकटक,

लगा कि मैं भी तो एलियन हो गया।


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