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संदीप कुमार

Tragedy

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संदीप कुमार

Tragedy

एक दिन वक्त तुझे बताएगा

एक दिन वक्त तुझे बताएगा

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तेरा नजर अंदाज करना,

तुझे हर शाम याद आयेगा,

भूल चुके इस रिश्ते की अहमियत,

एक दिन वक्त तुझे बताएगा।


कभी खास हुआ करता था तेरे दिल का,

आज अजनबियों सा दिखता हूँ,

तेरे हर बातों को सुन के,

हर रोज आँसुओं को पीता हूँ।


तेरा यूँ बेगाना हो जाना,

मुझे औरों से गैर बनायेगा,

भूल चुके इस रिश्ते की अहमियत,

एक दिन वक्त तुझे बताएगा।


सुना है तेरे चाहने वाले बहुत है,

कदम कदम पर साथ निभाने वाले बहुत है,

नासूर सा हो गया है मेरा होना,

इसलिये तुझसे दूर जाने वाले हम है।


पर क्या करेगी उन यादों को,

जो हर रात तेरे ख्वाबों में आयेगा,

भूल चुके इस रिश्ते की अहमियत,

एक दिन वक्त तुझे बताएगा।


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