STORYMIRROR

karan ahirwar

Drama Inspirational

3  

karan ahirwar

Drama Inspirational

दुख मैं अपना जताऊं कैसे

दुख मैं अपना जताऊं कैसे

1 min
258

प्रत्यंचा को धनुष पर चढ़ाऊँ कैसे

दुख मैं अपना जताऊं कैसे


दुनिया ने मुझको पैरो तले दबा रखा है

खुद को इस भीड़ से अलग हटाऊं कैसे


एक बार को अलग हो गया भीड़ से

अब अपना रास्ता मंज़िल तक पहुंचाऊँ कैसे


एक कदम दूर हूं बस अपनी मंज़िल से

अपनी महानता को लोगों तक पहुंचाऊँ कैसे



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama