Vinita Rahurikar
Classics
उठो,
क्यों गुम हो अंधेरों में
झटक डालो।
खुद पर पड़ी मिट्टी
सर उठाकर देखो जरा,
रौशनी की एक किरण
जगमगा रही है ऊपर।
एक नई कोंपल
बस जन्म लेने ही वाली है।
प्रेम
चल रही हूँ मै...
कहाँ नहीं हो ...
आईना
मुहब्बत बंजार...
बेटा...
तलहटी
वर्जनाएँ...
विश्व एकता दि...
जीवन एक खेल.....
अन्तसमय में त्याग कर फिर आत्मभाव का, शरीर आदि में जो अपने वास्तविक स्वरुप में स्थ अन्तसमय में त्याग कर फिर आत्मभाव का, शरीर आदि में जो अपने वास्तविक स्वरु...
मुक्ति प्राप्त करते लोग इससे वो बस थोड़ा भूभाग प्राप्त करें मुक्ति प्राप्त करते लोग इससे वो बस थोड़ा भूभाग प्राप्त करें
माॅं के हाथ का खाना कितना लाजवाब होता है... और वह देती भी कितना प्यार से है...! और बहुत दिनों बाद जब... माॅं के हाथ का खाना कितना लाजवाब होता है... और वह देती भी कितना प्यार से है...! ...
उस बालक को दुष्कर इस तप से मैं जाकर निवृत कर दूंगा। उस बालक को दुष्कर इस तप से मैं जाकर निवृत कर दूंगा।
पाप ही मूल कारण है मनुष्य फिर भी समझे न ये। पाप ही मूल कारण है मनुष्य फिर भी समझे न ये।
रासोत्सव के दर्शन की लालसा से उनके मन वश में नहीं थे रासोत्सव के दर्शन की लालसा से उनके मन वश में नहीं थे
तो अनायास ही इस भक्ति से मोक्ष की प्राप्ति हो जाती उसे। तो अनायास ही इस भक्ति से मोक्ष की प्राप्ति हो जाती उसे।
शत शत प्रणाम हे पूज्य संत , दोषों को मेरे क्षमा करना शत शत प्रणाम हे पूज्य संत , दोषों को मेरे क्षमा करना
गोरा बादल मिट जाएगा नहीं मिटेगी शान राजपूतानी अमर रहेगी गोरा बादल की कहानी। गोरा बादल मिट जाएगा नहीं मिटेगी शान राजपूतानी अमर रहेगी गोरा बादल की कहानी।
राजा परीक्षित ने पूछा, भगवन सुनाईये अब कृपाकर आप मुझे। राजा परीक्षित ने पूछा, भगवन सुनाईये अब कृपाकर आप मुझे।
योगसाधना पूर्ण होने से पहले यदि साधक रोगादि उपद्रवों से पीड़ित हो योगसाधना पूर्ण होने से पहले यदि साधक रोगादि उपद्रवों से पीड़ित हो
स्त्री, बच्चों, ग़ोओं, ब्राह्मणों को मारने से भी नहीं हिचकिचायेंगे स्त्री, बच्चों, ग़ोओं, ब्राह्मणों को मारने से भी नहीं हिचकिचायेंगे
दुर्वाशा जी, कल्याण हो आपका पास जाइये, राजा अम्बरीष के तभी आपको शांति मिलेगी क्षम दुर्वाशा जी, कल्याण हो आपका पास जाइये, राजा अम्बरीष के तभी आपको शांति मि...
संताप बहुत हुआ हिरण्यकशिपु को भाई के मर जाने पर तब। संताप बहुत हुआ हिरण्यकशिपु को भाई के मर जाने पर तब।
हे यमदूतो इस अजामिल ने प्रायश्चित कर लिया सब पापों का! हे यमदूतो इस अजामिल ने प्रायश्चित कर लिया सब पापों का!
यह भी समझ नहीं पाते, धृतराष्ट्र पुत्रों को माधव, नहीं मारना चाहूं यादव। यह भी समझ नहीं पाते, धृतराष्ट्र पुत्रों को माधव, नहीं मारना चाहूं यादव।
प्रियतम, आप कुछ दिन यहाँ रहकर मेरे साथ क्रीड़ा कीजिए प्रियतम, आप कुछ दिन यहाँ रहकर मेरे साथ क्रीड़ा कीजिए
अहो ! धिक्कार हम सबको धनुष धारण कर खड़े हम रहे अहो ! धिक्कार हम सबको धनुष धारण कर खड़े हम रहे
साक्षात परब्रह्म हूँ मैं और भक्ति मिले जिसे वो संत हो गया । साक्षात परब्रह्म हूँ मैं और भक्ति मिले जिसे वो संत हो गया ।
सतयुग के अंत में घोर संग्राम हुआ देवताओं का दानवों के साथ में सतयुग के अंत में घोर संग्राम हुआ देवताओं का दानवों के साथ में