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Kumar Vikrant

Drama

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Kumar Vikrant

Drama

सौदा

सौदा

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तुम्हारा 

गुस्सा 

अहंकार 

अवहेलना 

ये कुछ आभूषण है 

जो तुम पर बहुत फबते है 

मेरी 

विनम्रता 

समर्पण 

करुणा 

के साथ इनका सौदा 

बहुत महंगा है मेरे लिए 

मैं अपनी 

विनम्रता 

समर्पण 

करुणा 

अपने पास ही रखूँगा 

तुम 

तुम्हारा 

गुस्सा 

अहंकार 

अवहेलना 

अपने पास रखो 

इनके सौदागर बहुत मिल जाएंगे 

जो कुछ ही समय में 

इन्हें कई गुना बढ़ाकर 

वापिस कर देंगे तुम्हें। 


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