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aazam nayyar

Fantasy Others

3  

aazam nayyar

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प्यार से देख

प्यार से देख

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ए सनम तुम कभी देख लो प्यार से

नफ़रत छोड़ो सभी देख लो प्यार से


दुश्मनी की रवानी छोड़ो दिल से ही 

कर के ही दोस्ती देख लो प्यार से


देखना छोड़ो भी तुम खफ़ा नज़रों से 

ए सनम लाज़मी देख लो प्यार से


बेदर्दी से छूओ मत बहुत नाजुक है

दूर से ही कली देख लो प्यार से


यूं न देखो नज़ाकत भरी आँखों से 

 मुझको ही तुम कभी देख लो प्यार से 


क्या मिलेगा "आज़म" से ही होकर खफ़ा 

छोड़ दो बेरुख़ी देख लो प्यार से




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