STORYMIRROR

फूल और तुम बिल्कुल एक जैसे हो

फूल और तुम बिल्कुल एक जैसे हो

1 min
14K


फूल अपने लुभावने रंग रूप से

खुशबू और आनंद देते हैं


और तुम अपने तन और मन की

सुंदरता से लुभाती हो !


फूलों का सुंदरता के साथ

निर्माल्य होना जरुर दुर्भाग्य है


बिल्कुल उसी तरह तुझे भी

वक्त के साथ सुंदरता खोनी ही है !


फिर किस बात का

घमंड रखती हो तुम ?


मन की सुंदरता को तो

बनाये रखो !


फूल और तुम्हारा भाग्य

वक्त पर निर्भर है


आनंद कैसा बाँटना है,

तुम फूलों से सीखो !


हर फूल के भाग्य में

ख़ुशियाँ बाँटना नहीं होता


ज़रुरी नहीं है कि अपनी गंध से,

रूप से प्रभावित करे !


धतूरा और बेशरम के फूल का

यही दुर्भाग्य है समझो ज़रा


और फिर तुम्हें क्या बनना है जिंदगी में

फैसला करो !


सही वक्त पर सही फैसला

करना बेहद ज़रुरी है


जो कुछ भी फैसला होगा

भविष्य पर उसका असर पड़ता है !


तुम और फूल बिल्कुल एक से हो

फूलों कि तरह महका करो


मुरझाना तो है ही एक दिन

सिर्फ और सिर्फ प्यार बाँटती चलो !!


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Drama