Chandramohan Kisku
Tragedy
मीलों दूर से
औरतों की सर पर
चढ़कर
घर को पहुंचा
एक बून्द पानी,
प्रणाम ,
औरतों की उस यात्रा को
प्रणाम,
औरतों की उस थकावट को
और अंत में प्रणाम ,
एक बून्द पानी को
जो अमृत बनकर
आया है मुझ तक !
समर्पण :कविता...
उसका भविष्य
मेरा भी प्रश्...
मलाला
तुम और मैं
लिखूंगी
प्यार का घर
आँसू की बूँद ...
चिड़ियाँ को मा...
आगे ही चलते र...
जानते हैं वे जल, जंगल, जमीन खोने का दर्द। जानते हैं वे जल, जंगल, जमीन खोने का दर्द।
बस रिकार्ड बाबू हमे समझो बना कर रख दिया नई शिक्षा नीति ने शिक्षक को बाबू बना दिया। बस रिकार्ड बाबू हमे समझो बना कर रख दिया नई शिक्षा नीति ने शिक्षक को बाबू बना ...
अब पहले जैसा भी कुछ नहीं रहा बस खालीपन है आंखों में सबके और दिल में घोर सन्नाटे . अब पहले जैसा भी कुछ नहीं रहा बस खालीपन है आंखों में सबके और दिल में ...
प्यार एक तरफ हो या दो तरफ हो प्यार तो प्यार ही होता है ना प्यार एक तरफ हो या दो तरफ हो प्यार तो प्यार ही होता है ना
तुने कयूंँ न नज़र मिलाई मेरे साथ, <br>अब मै नजर कभी मिला पाउंगा नहीं। <br><br>तुने क्यूंँ न दिल मिला... तुने कयूंँ न नज़र मिलाई मेरे साथ, <br>अब मै नजर कभी मिला पाउंगा नहीं। <br><br>तु...
कुछ टूट रहा था, कुछ छूट रहा था, लेखन से नाता टूट रहा था। कुछ टूट रहा था, कुछ छूट रहा था, लेखन से नाता टूट रहा था।
Kuchh yaadein hai Kuchh baatein hai Hai tau apne man mei Kyon lagta hai Kuchh yaadein hai Kuchh baatein hai Hai tau apne man mei Kyon lagta hai
हौले हौले से बढ़ते ये कदम, और इनमें बहुत सारा तेरा ग़म। हौले हौले से बढ़ते ये कदम, और इनमें बहुत सारा तेरा ग़म।
सात दिनों के सात रंग में रंगी हुई इसकी प्रेम कहानी है। सात दिनों के सात रंग में रंगी हुई इसकी प्रेम कहानी है।
सवाल है सत्ता में बैठे हुये हुक्मरानों से, क्यों नहीं बाज आते हो फालतू बयानों से। सवाल है सत्ता में बैठे हुये हुक्मरानों से, क्यों नहीं बाज आते हो फालतू बयानों...
अब स्वतंत्र है वो तो पराश्रित मैं भी नहीं इस अर्थहीन पानी का अर्थ कुछ भी नहीं। अब स्वतंत्र है वो तो पराश्रित मैं भी नहीं इस अर्थहीन पानी का अर्थ कुछ भी नहीं...
अगन लगी हुई है,मेरे इस हृदय के बहुत भीतर। अगन लगी हुई है,मेरे इस हृदय के बहुत भीतर।
दूर कहीं दिख रहा था एक अस्थि पिंजर, जिस पर रह गया था बस मॉंस चिपक कर। दूर कहीं दिख रहा था एक अस्थि पिंजर, जिस पर रह गया था बस मॉंस चिपक कर।
मेरे हिंदू मुस्लिम बच्चों को आपस में लड़ाया जाता है मेरे हिंदू मुस्लिम बच्चों को आपस में लड़ाया जाता है
ज़िन्दगी साथ दे बेवफा है हर कोई हाथों में हाथ दे बेवफा है हर कोई जो जिये तेरे लिए कोई ऐसा नहीं दिखने... ज़िन्दगी साथ दे बेवफा है हर कोई हाथों में हाथ दे बेवफा है हर कोई जो जिये तेरे लि...
मैंने जो कुछ भी किया दोस्तों के खातीर मैं तो हूँ उनका शागिर्द , वो होगा शातीर जिसकी खाई रोटी उससे ... मैंने जो कुछ भी किया दोस्तों के खातीर मैं तो हूँ उनका शागिर्द , वो होगा शातीर ...
देखो रेल की पटरी के किनारे बनी ये बस्तियां, है उघड़े दरवाजे औ झांकती बंद खिड़कियां। देखो रेल की पटरी के किनारे बनी ये बस्तियां, है उघड़े दरवाजे औ झांकती बंद खिड़...
पुस्तकों में जो कुछ वर्णन पढ़ा था उससे भी भीषणतम क्रूर कलियुग है। पुस्तकों में जो कुछ वर्णन पढ़ा था उससे भी भीषणतम क्रूर कलियुग है।
इस जीवन के बाद क्या पता, कौन सी राह पर फिर कहाँ मिलें? इस जीवन के बाद क्या पता, कौन सी राह पर फिर कहाँ मिलें?
आखिर क्यों लाखों परिवार न्याय से वंचित रह जाते है। आखिर क्यों लाखों परिवार न्याय से वंचित रह जाते है।