ओ श्याम, मेरे श्याम,,।
ओ श्याम, मेरे श्याम,,।
ओ श्याम, मेरे श्याम.......
यहां पर भीड़ इतनी हैं, क्या तुम हमें ढूंढ पाओगे
कहीं हम मिल गए तो क्या, क्या तुम पहचान जाओगे
ओ श्याम, मेरे श्याम.......
जहां पर श्याम नाम हो, वही जीवन का धाम हो
कहीं हम मिले तो क्या, क्या तुम हमें भूल जाओगे
ओ श्याम, मेरे श्याम.......
तेरी राह देखूं सांवरिया, मैं निशदिन ही ओ मन बसिया
कभी तुम आओगे मोहन, ये मन ने आसरा लिया
ओ श्याम, मेरे श्याम.......
