नव प्रभात
नव प्रभात
घर-आँगन में दीया जलाए
बुराई को मन से दूर भगाए।
सबसे जोडे स्नेह का बंधन
रिश्तों में मिठास ले आएं।
मन - आँगन की शुचिता से
जीवन में नव - प्रभात आए।
कविता के संबंध में 10 शब्द-
दीया जलाए
मन से बुराई दूर भगाए
मन-आँगन की शुचिता से
नव-प्रभात आए।
