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Neha Pandey

Romance Classics


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Neha Pandey

Romance Classics


नाराज़गी कम नहीं

नाराज़गी कम नहीं

1 min 301 1 min 301

तुम रूठे हो उससे

या वो नाराज़ है तुमसे 

इस बात का फ़ैसला 

हो पाता अगर,


कोई एक मना लेता 

किसी दूसरे को,

जमाना बदल सा गया है

वरना एक वक्त था, 


हार कर भी 

जीत मिल जाती थी,

अब कोई तैयार ही नहीं 

जीत कर दिल हारने को।


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