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S N Sharma

Tragedy Inspirational

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S N Sharma

Tragedy Inspirational

मुझे आवाज देना।

मुझे आवाज देना।

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याद रखने की हमें वैसे तो तेरी आदत नहीं।

याद मेरी फिर भी आए तो मुझे आवाज देना।

जिंदगी की राह में पल पल तुझे कांटे मिलेंगे।

पैर में कांटा चुभ जाए तो मुझे आवाज देना।

ये सफर ऐसा सफर है हर तरफ है भीड़ भारी।

भीड़ में जब हो अकेले तो मुझे आवाज देना ।

एक दिन ऐसा भी होगा मैं दूर तुम से जा चुकूंगा।

याद मेरी आंसू बन जाए तो मुझे आवाज देना।

स्वार्थ ही बुनियाद है हर रिश्ते की इस जमाने में।

काम तेरा जब कहीं पड़ जाए तो आवाज देना।।


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