STORYMIRROR

Dhanjibhai gadhiya "murali"

Drama Romance

4  

Dhanjibhai gadhiya "murali"

Drama Romance

मै चाहता हूं

मै चाहता हूं

1 min
224

मैं चाहता हूं की सनम तुम्हारी-मेरी प्यार भरी मुलाकात हो,

मेरी नजर तुम से मिले और प्यार की ज़ाम छलकाती रहो।


मैं चाहता हूं की तुम सावन की घटा में मेरे पास बैठी रहो,

तुम्हारी सांसों की सरगम से तुम मुझे दीवाना बनाती रहो।


मैं चाहता हूं की तुम प्यार की नदियाँ की तरह बहती रहो,

मेरे प्यार के गहरे समंदर में तुम मुझ से मिलन करती रहो।


मैं चाहता हूं की तुम मेरे प्यार की देवी बनकर आती रहो

जीवन भर तुम्हारे प्यार की आराधना मुझ से कराती रहो।


"मुरली" चाहता है की तुम मेरे प्यार में मदहोश बनती रहो,

हमारी प्रेम कहानी का तराना दुनियावालों से गवाती रहो।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama