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akhilesh kumar

Tragedy

4  

akhilesh kumar

Tragedy

कोई शहर

कोई शहर

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कोई शहर 

ऐसे ही 

पैदा नहीं होता 

इसके लिए 

मरना पड़ता है 

खेतों 

फसलों 

पगडंडियों को 

सरकारी मौत।


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