saru pawar
Tragedy
ख्वाब क्यों टुटे मेरे
पंख क्यों कटे मेरे
उडान मुझको भी थी भरनी
उड़ना था आंसमानों में
छू लेती शायद कुछ ऊँचा
डर था किसी को मेरी ऊँचाई का
काँट दिये फिर पंख मेरे
अपने अहम के चलते।
लफ्जों का कार...
कोरा कागज
जिंदगी से सीख...
औरत जानती है....
माँ के साथ
बात जब आबरु क...
प्रिय अतित..
बहके जब कदम
निर्मल मन
अब बरस भी जा....
वाह क्या अंदाज है लगता है आजकल का यही प्यार है। वाह क्या अंदाज है लगता है आजकल का यही प्यार है।
मार डाला तुमने मुझे नदी की आत्मकथा देख सुनाई है तुझे। मार डाला तुमने मुझे नदी की आत्मकथा देख सुनाई है तुझे।
दबाव के कारण मेरा निकल रहा अब दम। दबाव के कारण मेरा निकल रहा अब दम।
यह कैसा तेरा व्यभिचार है तेरा क्या यही प्यार है। यह कैसा तेरा व्यभिचार है तेरा क्या यही प्यार है।
अब और क्या बताऊँ बस समझो भैया जी अपने बन गए ब्रो। अब और क्या बताऊँ बस समझो भैया जी अपने बन गए ब्रो।
वो प्रेम पत्र विश्वासों के बिन पुरवाई यूं उड़ेंगे सोचा न था। वो प्रेम पत्र विश्वासों के बिन पुरवाई यूं उड़ेंगे सोचा न था।
अगर हारूँ तो इस कदर के प्राण न्योछावर कर तरूँ सहनशीलता का एक बूंद भी मेरे शरीर में शेष न धरूँ अगर हारूँ तो इस कदर के प्राण न्योछावर कर तरूँ सहनशीलता का एक बूंद भी मेरे शरीर म...
जुबां हासिये पे और अंगूठे सरदार हो गए। खेल, खिलौने, बाजा, मोटर गुड्डे-गुड़िया जुबां हासिये पे और अंगूठे सरदार हो गए। खेल, खिलौने, बाजा, मोटर गुड्डे-गुड...
कठपुतली की तरह खेल कर फेंक दिया यूँ उसने प्यार को बदनाम किया। कठपुतली की तरह खेल कर फेंक दिया यूँ उसने प्यार को बदनाम किया।
कभी सुलझन सुलझ जाती मेरी फंसकर ऐसी उलझनों मे। कभी सुलझन सुलझ जाती मेरी फंसकर ऐसी उलझनों मे।
कोई कहे गंगा, कोई कहे यमुना, गोदावरी कहो या कहो शिप्रा, जल दुलारी मैं हूँ नदी। कोई कहे गंगा, कोई कहे यमुना, गोदावरी कहो या कहो शिप्रा, जल दुलारी मैं हूँ...
गंदगी ना करों भले मुझे ना साफ करों। गंदगी ना करों भले मुझे ना साफ करों।
सीताडांगा गाँव में बिरा की बड़ी भाभी कल ही फिर से बिन सर वाली बच्चे को जन्म दिया सीताडांगा गाँव में बिरा की बड़ी भाभी कल ही फिर से बिन सर वाली बच्चे को ज...
दोहरी मानसिकता की, लकीर खींच जाते हैं। दोहरी मानसिकता की, लकीर खींच जाते हैं।
मृत्यु का भार सहोगे अब कैसे फसलों को भी सिंचोगे। मृत्यु का भार सहोगे अब कैसे फसलों को भी सिंचोगे।
हर वो हाल के हल होंगे मेरे इस हालत का क्यों नहीं हर वो हाल के हल होंगे मेरे इस हालत का क्यों नहीं
किस दुनिया मे आ गया ऐ नादाँ दिल अब सिर्फ timepass है प्यार। किस दुनिया मे आ गया ऐ नादाँ दिल अब सिर्फ timepass है प्यार।
मैं तो ठंडा पानी हूँ और तुम्हारी चेहरे की मुस्कान भी। मैं तो ठंडा पानी हूँ और तुम्हारी चेहरे की मुस्कान भी।
पर अफसोस कोई किरण तक नज़र न आयी। पर अफसोस कोई किरण तक नज़र न आयी।
तुम पर अब न रहा भरोसा, प्यार का जो अंजाम दिया है। तुम पर अब न रहा भरोसा, प्यार का जो अंजाम दिया है।