STORYMIRROR

Sandip Kumar Singh

Fantasy

4  

Sandip Kumar Singh

Fantasy

जरा जरा सी बात पर

जरा जरा सी बात पर

1 min
350

जरा जरा सी बात पर, कभी कभी तकरार।

आपस में लड़ने लगे, खो देते हैं प्यार।।


जरा जरा सी बात पर, कुछ लोगों में जंग।

बड़े हथियार से लड़ें, करे शांति को भंग।।


जरा जरा सी बात पर,फीका हों सब रंग।

होते खराब सब मजे, अच्छे जन हो दंग।।


जरा जरा सी बात पर, होते नहीं उदास।

करो फिक्र तुम मत कभी, अनायास ही रास।।


जरा जरा सी बात पर, कुछ जन करते क्रोध।

होते खुशियों से जलन, सुनें नहीं अनुरोध।।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Fantasy