कोट्स New

ऑडियो

मंच

पढ़ें

प्रतियोगिता


लिखें

साइन इन
Wohoo!,
Dear user,

नोट : कन्टेन्ट क्रमांक चुने हुए जोनर के तहत फिल्टर में प्रदर्शित होंगे : fantasy

इस रचना में रिमझिम की गिरती बूँदों ने कैसे एक स्त्री को अपने बंधनों में से बाहर निकल read more

2     1.1K    54    45

एक कविता - : 'सबसे भूखा read more

1     21.0K    25    111

नादान
© Shyamm Jha

Fantasy Romance

हर बात में मेरा नाम लेना और हर बार बस यही कहना मुझे तुम से मोहब्बत नहीं सच मे तुम read more

1     14.8K    88    150

चलो ना ! ले चलते हैं अपने साथ प्यारा-सा ये read more

1     246    13    192

वो अंतरंग घड़ियाँ उसे याद करती हैं, ये चादर की सिलवट भी फरियाद करती read more

1     8.1K    128    225

कोई जगह कोई दहर हो जहाँ वक़्त न पंहुचा हो अभी भी बेवक़्त पहुँचेंगे वहाँ और बैठे read more

1     21.0K    27    271

भीख मांगी नहीं जाती इससे मेहनती है, आखिर मज़दूर read more

1     283    22    283

कुछ हसरतों के धागों की चद्दर बुनी नक्काशी भी की जज़्बातो से रेशमी सिरे जोड़कर सिनी read more

1     422    53    396

आज भी कई बार, मेरे सपनो में आते हो तुम, हर बार एक नई, उम्मीद जगा देते हो read more

1     6.9K    72    431

रूह से रूह ने मिलके सीखा देह का हर एक दाग़ read more

2     20.5K    14    452

फल तो़ड़कर खाती और पक्षियों के घोंसले सजाती read more

1     173    20    476

बेबसी ही वजह थी दुश्मनी की, वरना फसाद कोई चाहता नहीं read more

1     178    49    537

देखा होता है उसने, सभ्यताओं को बसते और ढहते, बस्ती को गाँव, गाँव को नगर, नगर को read more

1     1.4K    17    566

दुर्योधन की हर शह को मात दे कर read more

1     298    33    606

हाँ मगर जहाँ भी रहूं मैं मेरे अपनों को नहीं भूल पाऊँगा हाँ मैं एक दिन मर read more

1     285    21    620

उन्स
© Saket Shubham

Fantasy Romance

गिला तुझसे भी अब क्या करूँ जब इश्क़ तुझे हुआ read more

1     7.9K    62    646

“योगी” मैं बनिया सुनहरी अवसर कैसे चूक जाता, तुझको धन्यवाद देकर, मैं खुद खाली हाथ read more

1     1.6K    387    649

शंका है संदेह है मुझको कुछ गड़बड़ है घोटाला read more

1     327    18    716

मर्यादा की बेड़ियों में, अब ना कहो कुढ़ने को। तोड़ कर ये बेड़ियाँ, आसमान से read more

1     217    48    867

ख़ुद को बेख़ुद सौंप कर तुझको, अब मैं किसके इख़्तेयार में read more

1     13.3K    35    952

भीड़
© Aanis Khan

Drama Fantasy

1     20.6K    13    1041

‘गुडिया’ सी नुमाइश करती है फिर वह ‘टीवी’ ‘फ्रिज’ स्कूटर’ हो जाती है read more

1     20.6K    12    1042

काश तुम खरीददार बन जाओ, दिल ए नाचीज़ के तेरी खातिर हर दफा ये बिकते-बिकते रह read more

1     14.1K    14    1051

इस हरियाली के बीच और राह ही न मिले बाहर तक जाने read more

1     139    35    1087

सच लिख सके जो अब सदा ऐसा नया अखबार read more

1     235    32    1096

क्या तुम चलोगे मेरे साथ वहाँ, जहाँ कैद हैं ख़्वाब और ख़्वाहिशें, ऊँची दीवारों से read more

2     796    23    1111

हर उस धागे सा लिपट के बुने सपनों सा होता read more

1     180    17    1129

दिल में न रहे आह जिन्दगी तुझे जी भर जी read more

1     259    10    1147

मेरी गुड़िया कभी न रोती हरदम वो हस्ती ही रहती, टुकुर-टुकुर वो देखे read more

1     245    38    1275

लो, मेरी छाया को ले लो लो, मेरी रूह को ले लो लो, मेरे एहसास को ले लो, इसे read more

1     397    49    1355