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PRATAP CHAUHAN

Drama Action Inspirational

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PRATAP CHAUHAN

Drama Action Inspirational

जीत

जीत

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कभी-कभी लगता है आज ही,

जीत लूं अपनी ख्वाहिशों को।

इतनी  घुटन  है  जिंदगी में ,

कि तोड़ दूं सारी हिदायतों को।।

आह........सुनकर  कोई,

समझता ही नहीं जज्बातों को।

हंसना  भी  किसी  का अब,

पचता ही नहीं जालसाजों को।।

नसीब की धुंध हटाने के लिए,

दिन भर ढूंढता हूं चिरागों को।

सुकून  को  तो  छोड़ो अब,

नींद नहीं आती है रातों को।।



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