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Minal Aggarwal

Tragedy

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Minal Aggarwal

Tragedy

एक अंधा गहरा कुआं है यह

एक अंधा गहरा कुआं है यह

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यह 

ताश के पत्तों से बना 

एक घर है 

लकड़ी के बुरादे के 

कमरे 

रेत की दीवारें 

मिट्टी के पुतले 

काठ के दिल 

आत्मा जैसे 

कागज के कोरे 

खाली सफेद टुकड़े 

जीवन का पौधा 

यहां पनप नहीं सकता 

सूरज की किरण का 

कोई चिराग यहां 

जल नहीं सकता 

एक अंधा गहरा कुआं है यह 

दूसरों का लहू 

पी पीकर 

खुद की प्यास बुझाता है 

जरूरत पड़ने पर 

किसी प्यासे को 

यह पानी की बूंद का 

एक कतरा भी 

दे नहीं सकता।


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