चॉकलेट का कागज
चॉकलेट का कागज
खाती नहीं थी पहले जो मैं मीठा कभी
एक रूपया न लगाया था मैंने जिसमें कभी
पर तू पहली मोहब्बत साथ तेरी याद भी है
तेरी चॉकलेट का कागज मेरे पास आज भी है।
कितनी बड़ी वो और कितनी अच्छी थी
उस वक्त जब तेरी मोहब्बत भी सच्ची थी
तू तो चला गया पर होंठो पर तेरी बात भी है
तेरी चॉकलेट का कागज मेरे पास आज भी है।
छोटे-छोटे बहुत मैंने उसके टुकड़े बनाकर
न जाने कितने दिन उसे खाया था मैंने
तू न मिलने का गम तो खुद पर नाज भी है
तेरी चॉकलेट का कागज मेरे पास आज भी है।
लिपटी थी वो जिसमें कागज पर उसका पहरा था
एक का रंग बैंगनी और दूसरे का रंग सुनहरा था
नाम उसका डेरी मिल्क प्रसिद्ध जो आज भी है
तेरी चॉकलेट का कागज मेरे पास आज भी है।

