STORYMIRROR

S Ram Verma

Romance

4  

S Ram Verma

Romance

"चॉकलेट डे"

"चॉकलेट डे"

1 min
364

चली आओ तुम की तुम्हे 

तुम्हारे लिए ला कर रखी  

वो डेरी मिल्क बुला रही है !


सुनो तुम उसी डेरी मिल्क 

कि तरह मुँह में रखते ही  

घुलने वाली हो नाम लेते ही 

दिल को पिघलाने वाली हो

 

गले से उतरते ही शरीर के 

पुरे रक्त को मीठा कर 

देने वाली हो !

और सुनो तुम मुझे ठीक 

उतनी ही प्रिय हो जितनी 

तुम्हे प्रिय है वो डेरी मिल्क ! 


सुनो आज चॉकलेट डे है 

चली आओ तुम की तुम्हे 

तुम्हारे लिए ला कर रखी  

वो डेरी मिल्क बुला रही है !


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance