STORYMIRROR

V. Aaradhyaa

Tragedy Inspirational

2  

V. Aaradhyaa

Tragedy Inspirational

भेद क्यों

भेद क्यों

1 min
189

मन में हूँ एक भेद छुपाए

जो कई बार मुझे बहुत रुलाए,

चाहे कितनी कोशिश कर लें

स्त्रियां क्यों दोयम दर्ज़ा पाएं!

ज्ञानीगुनी जन से है ये सवाल

क्या स्त्री है सिर्फ शरीर या माल,

क्या माता करे भेद संतान में

फिर कमी क्यों हो स्त्री के सम्मान में!

क्या प्रकृति कोई कमी कर जाए

क्या सूरज चाँद भेद दिखाए,

फिर क्यों मानव की प्रवृति

स्त्री पुरुष में भेद कर जाए!


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Tragedy