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neha sharma

Tragedy Crime Inspirational

4  

neha sharma

Tragedy Crime Inspirational

तूफान

तूफान

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आज वो बहुत खुश लग रहा था

उसकी खुशी के पीछे छिपे दर्द को 

छुपाए हुए वो हंस रहा था

मन में लगातार तूफान सा उठ रहा था

वो बहुत सी बाते अपने अंदर लिए घुट रहा था


उसे कुछ समझ नहीं आ रहा था कि क्या करे

खुद से ही अंदर ही अंदर लड़े जा रहा था

उसे जिंदगी जीना अच्छा नहीं लग रहा था

इन सब बातो के बीच उसने आसान रास्ता खोज निकाला

और सबके साथ खुश होने का दिखावा करते हुए

कुछ ही पलों में मौत को गले लगा लिया 


सोचा बहुत कुछ था उसने सबकी फिक्र भी थी

लेकिन बहुत कुछ बाते जो वो अपने साथ ही

ले गया उसे अपने परिवार से नही कह पाया

ऐसा नहीं था की वो कुछ कहना या करना नही चाहता था


लेकिन वो अपनी वजह से किसी को तकलीफ नहीं दे पाया

उसे सब से दूर भागने का रास्ता बस मौत ही उसे नजर आया

नही जी पा रहा था वो इस गिल्ट के साथ की वो

अपने मम्मी पापा को धोखा दे रहा था


अपने साथ साथ वो उनकी जिंदगी को भी मजाक बना रहा था

चाहता था वो भी सुधरना और अच्छी जिंदगी जीना लेकिन उसकी

गलतियों ने उसे ऐसे मोड़ पर ला खड़ा किया

जिससे वो कभी बाहर निकल नही सकता था

तूफान जो उसके अंदर उठ रहा था दफन हो गया उसके अंदर ही

उसकी मौत ने उसे सबसे छुटकारा दिला दिया था।।


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