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Aniruddhsinh Zala

Romance Action

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Aniruddhsinh Zala

Romance Action

सुहानी शाम संग इंतजार

सुहानी शाम संग इंतजार

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देखो हंसीं शमा है ये शाम का

      इंतजार है तो बस एक आप का

  ठंडी हवाएं अब चल रही हे

  यादें दिल में देखो पिघल रही है

सांसो में भी संगीत चले आपका.....

       इंतजार है तो बस एक आप का

   सरिता देखो सागर को मिलने चली

    दिल में देखो मेरे मची है धूम बड़ी

जाने अब कैसा मिजाज है आपका

       इंतजार है तो बस एक आप का....

  ढलता सूरज हुआ शरम से लाल

  गाल भी तो है मेरे शरम से लाल

निखर गया मुखड़ा खयाल से आपका

        इंतजार है तो बस एक आप का....

  तितलियाँ छुपने लगी अब बाग में

   छुपा है तू भी मेरे दिल के बाग में

फूल बनूँ मैं, बन जा भँवर मेरे बाग का

      इंतजार है तो बस एक आप का....

  दूरियां मिटा दे सारी सुहानी शाम में

  बहुत तड़पे है सनम हम तेरी याद में

"राज" मुस्कुराता चेहरा देखना है आपका

         इंतजार है तो बस एक आप का...

     देखो हंसीं शमा है ये शाम का 


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