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Arunima Bahadur

Romance

4  

Arunima Bahadur

Romance

सिर्फ तुम

सिर्फ तुम

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हर पल मुस्काते हो,

गीत नया गुनगुनाते हो,

मेरी हर उदास रात में,

आशा बन कर आते हो,


न टूटने देते हो,

न लड़खड़ाने देते हो,

हर पल आ हाथ थाम लेते हो।

मेरे हर शब्द, हर गीत में हो तुम,


मेरे प्यारे मीत हो तुम,

मैं शून्य,अनंत हो तुम,

मै अकिंचन,सुदर्शन हो तुम,

मेरे लिए सर्वस्व हो तुम,


हर पल मेरे संग हो तुम,

हर पल मेरे संग हो तुम।


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