STORYMIRROR

Kaushik Dave

Drama Romance Fantasy

4  

Kaushik Dave

Drama Romance Fantasy

"शब्दों के रंग ख़ुशी के संग"

"शब्दों के रंग ख़ुशी के संग"

1 min
321

पीले वस्त्र पहनकर

बैठी है नारी


अपने पिया के इंतजार में

गुलाल लेकर खड़ी


गुलाल लेकर खड़ी

अपनी खुशी व्यक्त करती


अपनी सखी के संग

थोड़ी सी बातें करती


इतने में पिया जी आये

पहना था पीला कुर्ता


मुख पर मुस्कान

और सजनी की बोली


आया होली का त्योहार

रंगों में रंगीन


गुलाल लेकर आई

मैं अपनी खुशी व्यक्त करती


साजन बोला

पीले वस्त्र में लगती

सुंदर परी


ला दूंगा तुझे

बीकानेर की पीली चुनरी


मैं भी खेलूं तेरे संग

आज खुशी की होली



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama