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JAYANTA TOPADAR

Tragedy

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JAYANTA TOPADAR

Tragedy

सावधान...!!!

सावधान...!!!

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स्वाधीनता सबको प्यारी होती है।

कौन अपना पंख पसारकर 

सपनों के रंग भरे आसमां में

स्वाधीन होकर उड़ना नहीं चाहता?          


मगर ज़िन्दगी क्या हर किसी को 

सुगम परिस्थितियों से गुज़रकर 

जीने का सही मौका देती है??

हरगिज़ नहीं...!!!    


ऐसे कई ज़ालिम छुपे हुए हैं 

इस भीड़ भरी दुनिया में,

जो स्वाधीन होकर उड़नेवाले 

परिंदों का भी 'पर' 

बड़ी 'बेरहमी' से काट दिया करते हैं...!!! 


इन बेरहमों की बेईमानी का क्या करें...? 

ये तो दुसरों की स्वाधीन चिंतन से भी 

ईर्ष्या व नफरत किया करते हैं...!


न तो वो खुद स्वाधीन होना चाहते हैं 

और न ही किसी और की स्वाधीनता को 

इज़्ज़त देना पसंद करते हैं। 


ऐसे छल-कपट करनेवाले 

रहस्यमयी चेहरे हमारे आसपास    

अक्सर नज़र आते हैं... 

हमें बड़ी मुस्तैदी से 

उनका मुक़ाबला करना है...!!

उनके झांसे में नहीं आना है...

बल्कि उनको करारा 'जवाब' देना है

और उन्हें पूरी तरह नेस्तनाबूद कर डालना है...!!!


वरना 'ईमानदारी' का ही 

खात्मा हो जाएगा इस दुनिया से...!

ऐ ईमानदारी के नमूने! 

अपने ईमान को किसी 

बेईमान की भट्टी में 'स्वाहा' न कर डालना...

सावधान...!!!

वरना यहाँ 'रावण राज" शुरू हो जाएगा...



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